उपरोक्त तथ्य जापान के कंज्यूमर इन्फार्मेशन सेंटर द्दारा किए एक सर्वेक्षण में सामने आया है । सर्वेक्षण में बताया गया है की डिब्बाबंद जूस बेचने वाली कंपनिया इसे स्वास्थ्य के लिए बहुत फायेदेमंद बताते हुए लंबे - चोडे दावे करती है जबकी ये दावे कई बार हकीकत से कोसों दूर होते है । जेसी आईसी द्वारा कहा गया है की जूस बनाने वाली कुछ कंपिनियाँ तो अपने पैक पर इस तरह की तिप्पिनीयां भी छाप देती है की उनके जूस के पैक में पूरे एक दिन में खाई जाने वाली सब्जियों की संतुलित मात्रा के बराबर विटमिन मोजूद है ।
जेसी आईसी ने 14 ऐसी कंपनियों के उत्पादों की जांच की , जिन में से 10 कंपनियां जूस बनाने वाली थी जबकि 4 कंपनियां विटमिन के कैप्सूल व पाउडर बनाने वाली थी और इस जांच के दोरान बेहद चोकाने वाला तथ्य सामने आया ।
जांच के दोरान जेसी आईसी ने पाया की इनमे से किसी भी कंपनी के प्रोडक्ट में विटमिन सी , आयरन व अन्य पोषक तत्वों की उतनी मात्रा नहीं पाई गई , जितनी उन पर लिखी हुई थी । इस जांच के इन हैरत अंगेज नतीजों को देखकर अब डाक्टर भी मरीजों को डिब्बाबंद जूस का सेवन करने के बजाय ताजा - फल - सब्जियां का गूदा बेकार चला जाता है , जिस में काफी मात्रा में जरूरी पोषक तत्व होते है और इस तरह वे भी गूदे के साथ बेकार चला जाता है ,जिसमे काफी कम रह जाती है लेकिन यदि आप फिर भी जूस पीना चाहते है तो डिब्बाबंद जूस के मुकाबले आपके लिए कही ज्यादा फायदेमंद रहेगा ।
That's a creative answer to a dififclut question
ReplyDelete[...] [...]
ReplyDelete[...] » जूस के बजाए ताजा ��… [...]
ReplyDelete